धूपखेड़ा
आश्रम एवं श्री साई गणेश मंदिर
श्री साईबाबा प्रकट भूमि — बाबा के प्रारंभिक वर्षों की भूमि।
प्रकट भूमि
धूपखेड़ा — साई भक्तों का पावन स्थल
धूपखेड़ा महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले (पूर्व में औरंगाबाद) के पैठण क्षेत्र में ढाकेफल के पास स्थित एक गाँव है। भक्त इसे श्री साईबाबा प्रकट भूमि के रूप में पूजते हैं — जहाँ माना जाता है कि शिरडी जाने से पहले साईबाबा ने अपने प्रारंभिक जीवन के लगभग नौ वर्ष बिताए।
साई तीर्थों की यात्रा करने वाले भक्तों के लिए धूपखेड़ा के दर्शन उस कथा को पूर्ण करते हैं जो आगे शिरडी में चलती है।
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विश्व में प्रथम
श्री साई गणेश मंदिर
जनवरी 2000 में स्वामी बलदेव भारती जी द्वारा स्थापित श्री साई गणेश मंदिर विश्व का प्रथम मंदिर है जहाँ श्री साईबाबा और श्री गणेश की एक साथ पूजा होती है — विघ्नहर्ता गणेश के साथ सद्गुरु साई, जो सब भय दूर करते हैं।
यह मंदिर श्री साईबाबा सेवा साधनाश्रम का हृदय है, जहाँ दैनिक आरती, भजन और आश्रम के वार्षिक उत्सव होते हैं।
आश्रम में
यहाँ आपको मिलेगा
दर्शन एवं आरती
श्री साई गणेश मंदिर में दैनिक आरती, और बाबा के दिन गुरुवार को विशेष भजन।
अन्नदान कक्ष
आश्रम की अन्नदान सेवा के अंतर्गत भक्तों और आगंतुकों को निःशुल्क प्रसाद और भोजन परोसा जाता है।
साधना एवं सत्संग
स्वामीजी के सान्निध्य में ध्यान, नाम-जप और आध्यात्मिक प्रवचन के लिए शांत वातावरण।